ऑपरेशन नाईट स्ट्राइक: वीकेंड पर दून पुलिस का बड़ा चेकिंग अभियान, 500 से अधिक लोगों से पूछताछ
देहरादून। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून प्रमेन्द्र सिंह डोबाल के निर्देश पर दून पुलिस ने वीकेंड की रात अपराध और असामाजिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए बड़े स्तर पर “ऑपरेशन नाईट स्ट्राइक” चलाया। एसपी सिटी के नेतृत्व में नगर एवं देहात क्षेत्र में पुलिस की अलग-अलग टीमों ने देर रात तक सघन चेकिंग अभियान चलाया।
22/23 अगस्त की रात चलाए गए इस अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने विभिन्न स्थानों पर रात्रि में अनावश्यक रूप से घूम रहे 500 से अधिक व्यक्तियों से मौके पर पूछताछ की। इनमें से 53 संदिग्ध व्यक्तियों को थाने लाकर पूछताछ एवं सत्यापन की कार्रवाई की गई।
पुलिस ने संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखते हुए संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की तथा 81 पुलिस एक्ट के तहत चालान किए।
शराब पीकर वाहन चलाने वालों पर भी कार्रवाई
नाईट स्ट्राइक के दौरान यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भी पुलिस ने सख्ती दिखाई। अलग-अलग थाना क्षेत्रों में शराब पीकर वाहन चलाने वाले 15 वाहन चालकों को गिरफ्तार किया गया और उनके वाहनों को सीज किया गया।
इसके अलावा यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले 36 वाहन चालकों के एमवी एक्ट के तहत चालान किए गए, जिनसे कुल 32,500 रुपये का जुर्माना वसूला गया।
वहीं, 46 वाहन चालकों के चालान माननीय न्यायालय के लिए भेजे गए, जबकि यातायात नियमों के उल्लंघन पर 23 वाहनों को सीज किया गया।
अपराधियों पर लगातार रहेगी दून पुलिस की नजर
एसएसपी देहरादून ने सभी अधीनस्थ अधिकारियों एवं थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार सघन चेकिंग अभियान चलाने तथा आपराधिक गतिविधियों में लिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध प्रभावी वैधानिक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
दून पुलिस का कहना है कि अपराध नियंत्रण, संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी और यातायात नियमों के पालन को लेकर इस प्रकार के अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे।
ऑपरेशन नाईट स्ट्राइक के प्रमुख आंकड़े:
500 से अधिक व्यक्तियों से पूछताछ
53 संदिग्ध व्यक्तियों को थाने लाया गया
81 पुलिस एक्ट के तहत चालान
15 शराब पीकर वाहन चलाने वाले गिरफ्तार, वाहन सीज
36 एमवी एक्ट चालान, ₹32,500 जुर्माना
46 न्यायालय चालान
23 वाहन सीज
ऑपरेशन नाईट स्ट्राइक: वीकेंड पर दून पुलिस का बड़ा चेकिंग अभियान, 500 से अधिक लोगों से पूछताछ
